ताज़ा समाचार-->:
अब खबरें देश-दुनिया की एक साथ एक जगह पर-->

क्या आप जानते हैं

शुष्क क्षेत्रों में भूजल प्रबंधन के लिए हेली-बोर्न सर्वेक्षण

आकाश श्रीवास्तव

थर्ड आई वर्ल्ड न्यूज़ नेटवर्क

नई दिल्ली, 4 अक्टूबर 2021

केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत और केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार), राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) पृथ्वी विज्ञान, पीएमओ, कार्मिक, लोक शिकायत, पेंशन, परमाणु ऊर्जा और अंतरिक्ष राज्य मंत्री, डॉ. जितेंद्र सिंह संयुक्त रूप से मंगलवार, 5 अक्टूबर, 2021 को सुबह 11 बजे जोधपुर, राजस्थान में शुष्क क्षेत्रों में भूजल प्रबंधन के लिए हेली-बोर्न सर्वेक्षण का उद्घाटन करेंगे।

केंद्रीय भूजल बोर्ड, जल शक्ति मंत्रालय और सीएसआईआर-एनजीआरआई (राष्ट्रीय भू-भौतिकीय अनुसंधान संस्थान), हैदराबाद ने जलभृत मानचित्रण कार्यक्रम के अंतर्गत राजस्थान, गुजरात हरियाणा, पंजाब और हिमाचल प्रदेश राज्यों के 3.88 लाख वर्ग किलोमीटर क्षेत्र को कवर करने वाले हिस्सों में उन्नत हेली-बोर्न भू-भौतिकीय सर्वेक्षण और अन्य वैज्ञानिक अध्ययनों का उपयोग करने के लिए समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं।

हेली-बोर्न सर्वेक्षण का उद्देश्य हेली-बोर्न भू-भौतिकीय अध्ययनों का उपयोग करते हुए हाई रेज़लूशन जलभृत मानचित्रण का संचालन करना है, जिसमें आर्टिफिशियल रिचार्ज के लिए साइटों की पहचान करना, 3डी भू-भौतिकीय मॉडल, क्षैतिज और ऊर्ध्वाधर समतलों में भू-भौतिकीय विषयक मानचित्र, असंतृप्त और संतृप्त जलभृतों का सीमांकन करने के साथ मुख्य जलभृत की जलभृत ज्यामिति, अपेक्षाकृत ताजा और लवणीय क्षेत्रों के साथ जलभृत प्रणाली शामिल है।

सर्वेक्षण का उद्देश्य स्थानिक और गहनता के साथपैलियो चैनल नेटवर्क के कुशल वितरण का मानचित्रण करना है अगरऐसा कोई हो और जलभृत प्रणाली के साथ इसका कोई जुड़ाव हो। इसमें अपेक्षित परिणाम में आर्टिफिशियल या प्रबंधित जलभृत पुनर्भरण के माध्यम से भूजल निकासी और जल संरक्षण के लिए उपयुक्त स्थलों का चयन करना भी शामिल है।

1.01 लाख वर्ग किलोमीटर वाले फेज 1 के कार्य को दिनांक 10.08.2020 को 45.8 करोड़ रुपये और जीएसटी की लागत के साथ मंजूरी प्रदान की गई है। दिसंबर 2020 में एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गया और मार्च 2021 में पहली किस्त 4.58 करोड़ जारी की गई। पहला भुगतान जारी होने के 1 वर्ष के अंदर फेज 1 के कार्य को पूरा किया जाना है यानी कि मार्च 2022 तक। फेज 2 के अंतर्गत 2.87 लाख वर्ग किलोमीटरक्षेत्र को कवर किया जाएगा।

राजस्थान - कुल क्षेत्रफल 66810 वर्ग किलोमीटर है जिसमें सीकर, जैसलमेर और जोधपुर जिलों जैसे प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में 16738 वर्ग किलोमीटर और गंगानगर, बीकानेर, चूरू, पाली और जालोर जिलों जैसे सामान्य क्षेत्रों में 50072 वर्ग किलोमीटर होगा।

हरियाणा - कुरुक्षेत्र और यमुनानगर जिलों में 2642 वर्ग किलोमीटर प्राथमिकता होगी। गुजरात - राजकोट, जामनगर, मोरबी, सुरेन्द्र नगर और देवभूमि द्वारका जिलों में 31907 वर्ग किलोमीटर (सामान्य) प्राथमिकता होगी।








जरा ठहरें...
मनाली से लेह लद्दाख रेल लाइन का सर्वेक्षण का काम पूरा-आसुतोष गंगल, महाप्रबंधक, उ.रे
भारतीय अधिकारियों ने अफगान महिला सांसद को हवाई अड्डे से वापस लौटाया
रेलवे ने शुरू की गोल्डन चेरियट लग्ज़री ट्रेन - एक यात्रा और कई स्थान
गैस, डीजल पेट्रोल के बाद सीएनजी और पीएनजी के दाम भी बढ़ाए गए
दोबारा विश्व के सबसे अमीर शख्स बने जेफ बेजोस
गजब है देश की न्याय प्रणाली, जिंदा मुर्दा हो गया और 20 साल पहले मरे व्यक्ति को सजा मुक्त कर दिया
55 करोड़ लोगों द्वारा बोली जाने वाली हिंदी संयुक्त राष्ट्र की आधिकारिक भाषा क्यों नहीं..?
गुणों की खान बाजार में आयी लाल भिंडी
गुड़ का सेवन करना कई मामले में सेहत के लिए रामबाण!
वैज्ञानिकों ने माना रामसेतु मानव निर्मित है
30 किलो से ज्यादा वजन के कुत्ते को घोड़ा मानता है रेलवे!
२०५ साल के बाबा, १०५ साल से नहीं खाया एक अन्न भी!
 
 
Third Eye World News
इन तस्वीरों को जरूर देखें!
Jara Idhar Bhi
जरा इधर भी

Site Footer
इस पर आपकी क्या राय है?
चीन मुद्दे पर क्या सरकार ने जितने जरूरी कठोर कदम उठाने थे, उठाए कि नहीं?
हां
नहीं
पता नहीं
 
     
ग्रह-नक्षत्र और आपके सितारे
शेयर बाज़ार का ताज़ा ग्राफ
'थर्ड आई वर्ल्ड न्यूज़' अब सोशल मीडिया पर
 फेसबुक                                 पसंद करें
ट्विटर  ट्विटर                                 फॉलो करें
©Third Eye World News. All Rights Reserved.