ताज़ा समाचार-->:
अब खबरें देश-दुनिया की एक साथ एक जगह पर-->

बातें मीडिया की

योगी के उ.प्र. में पत्रकार की जमीन कब्जा करने वाले दंबगों की अंजाम भुगतने की धमकी
दबंगों के साथ धमकी देने वाले में गांव का वर्तमान प्रधान और पूर्व प्रधान केदार चौरसिया भी शामिल

प्रतापगढ़ संवाददाता

साथ में थर्ड आई वर्ल्ड न्यूज़ टीम नई दिल्ली

२९ नवंबर २०१८

मुख्यमंत्री योगी के राज्य में पत्रकार की जमीन पर कब्जा करके निर्माण कर लेने वाले दबंगों ने अब खुले आम चुनौती दी है कि लगा लो जितनी ताकत नहीं बनने देंगे तुम्हारी बाउंड्री की दीवार। मामला उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ जिले के पट्टी तहसील के रामपुरबेला गांव का है। पत्रकार आकाश श्रीवास्तव और उनके परिवार की आबादी की जमीन पर दबंगों ने जबरन कब्जा करके सैकड़ों साल पुराना रास्ता बंद करके निर्माण कर लिया है। अफसोसजनक बात यह है कि संबंधित जिले के सारे अधिकारियों को बार-बार आवेदन पत्र देने के बावजूद प्रशासन और पुलिस का किसी तरह का कोई सहयोग आकाश और उनके परिवार को नहीं मिला है। पुलिस उलटा दबंगों का साथ दे रही है।


दबंगों का साथ और सह देने वालों में गांव का पूर्व प्रधान केदार चौरसिया और वर्तमान प्रधान अशोक उर्फ विषंभर सरोज भी शामिल है। यहां यह भी उल्लेखनीय है कि वर्तमान ग्राम प्रधान के ऊपर भ्रष्टाचार का बड़ा आरोप लगा है जिसकी जांच होने की बात कजी जा रही है। पूर्व ग्राम प्रधान केदार चौरसिया ने पत्रकार आकाश श्रीवास्तव को पुलिस के सामने खुली चुनौती देते हुए धमकी दी है कि लगा लो जितनी ताकत लखनऊ से लेकर दिल्ली तक तुम्हारी दीवार किसी भी कीमत पर बनने नहीं देंगे। यह कितनी बड़ी बिडंबना है कि उत्तर प्रदेश में पत्रकारों की कोई सुनवाई नहीं हो रही है। थाने में जाने पर पत्रकार को अपनी पीड़ा व्यक्त करने और अपनी बात रखने के लिए संबंधित पुलिस निरीक्षक का घंटो इंतजार करना पड़ता है।

कोई सिपाही बैठने तक नहीं बोलता। जबकि एक पत्रकार पुलिस के साथ कंधा से कंधा मिलाकर काम करता है। उसकी इतनी दयनीय स्थिति योगी राज में होगी कोई सोचा भी नहीं रहा होगा।


यह बात उस पत्रकार की हो रही है जो भारत सरकार से मान्यता प्राप्त हैं और लगभग 21-22 साल से राष्ट्रीय राजधानी में पत्रकारिता कर रहे हैं। पड़ोस के दबंगों ने गुंडई के बल पर आकाश के घर के जमीन पर जबरन कब्जा करके निर्माण कर लिया और रास्ता बंद कर दिया। और अभी भी आकाश के घर वालों को धमकी दे रहे हैं। हम यह भी बता दें कि उ.प्र. के वर्तमान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से आज से तकरीबन एक दशक पहले संबंधित खबरों को लेकर आकाश की फोन पर अक्सर बात हुआ करती थी।


जो अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को बिल्कुल याद नहीं होगा। इससे बड़ी बिड़म्बना और क्या हो सकती है। आकाश श्रीवास्तव ने दबंगों से अपनी जमीन की सुरक्षा को लेकर सभी संबंधित अधिकारियों, शासन में बैठे माननीयों को पत्र लिखा लेकिन मौजूदा भाजपा सरकार के किसी अधिकारी ने आकाश के इस गुहार की सुनवाई नहीं की। न ही दबंगों पर किसी तरह की कोई कार्रवाई की गयी।

इससे बड़ी बात और क्या हो सकती है कि उ.प्र, में योगी सरकार के राज्य में संविधान का चौथा स्तंभ कहे जाने वाले अब पत्रकार उनका परिवार, उनका घर जमीन कुछ भी सुरक्षित नहीं है। न ही कोई सुनवाई है चाहे आप जिससे अपनी बात कह लें। यह मामला उ.प्र. के प्रतापगढ़ जिले के पट्टी तहसील के तहत आने वाले गांव रामपुरबेला का है। जहां दबंगों और गुंडों ने जोर जबरजस्ती से एक पत्रकार के घर की सामने की जमीन पर निर्माण करके कब्जा कर लिया। मामला पत्रकार आकाश श्रीवास्तव के घर का है। जो देश की राजधानी दिल्ली में पिछले लगभग 22 सालों से पत्रकारिता कर रहे हैं और पीआईबी (मान्यता प्राप्त) पत्रकार हैं।


इस इमेज को जेपीजी में सेव करके फिर ओपेन करें।

आकाश श्रीवास्तव के घर पर उनके 75 साल के वृद्ध माता पिता रहते हैं। उनके पड़ोस के रहने वाले अशोक श्रीवास्तव, शीतला प्रसाद श्रीवास्तव, गंगा प्रसाद श्रीवास्तव, काशी प्रसाद श्रीवास्तव, माता प्रसाद श्रीवास्तव, आदित्य श्रीवास्तव जो सभी एक ही परिवार के हैं ने उनके घर की जमीन पर जबरन गुंडई और बाहुबल के जरिए कब्जा कर लिया और निर्माण कार्य करके सैकड़ों साल पुराने रास्ते को अवरुद्ध कर दिया। इस संदर्भ में जब उन सभी को रोकने की कोशिश की गयी तो उपरोक्त सभी लोग गाली गलौज और मार-पीट पर उतारे हो गए। पूरे गुंड़ई और दबंगई के बल पर निर्माण करके कब्जा कर लिया। यह एक दिन की बात नहीं है आए दिन उपरोक्त इस तरह की शांति भंग करते रहते हैं। जबकि जिस जमीन पर दबंगों द्वारा कब्जा किया गया है उसे आकाश के पिता श्री बनवारी लाल श्रीवास्तव ने सन् 1990 में एक तीसरे पक्ष से खरीदा था। जो एक स्टॉम पेपर पर आपसी समझौते के रूप में लिखित तौर पर मौजूद है। दबंगों ने कब्जा करके आकाश श्रीवास्तव के वृद्ध पिता को अपनी जमीन छोड़ने पर मजबूर कर दिया।

इस संदर्भ में पीड़ित और पत्रकार आकाश श्रीवास्तव ने शुरू में प्रतापगढ़ के पुलिस अधीक्षक और जिलाधिकारी से बात करने की कोशिश की लेकिन दोनों अधिकारियों ने बात तक नहीं की। ईमेल और वाट्सअप के जरिए किए गए शिकायत पत्र पर कोई सुनवाई नहीं हुई न ही कार्रवाई की गयी। उसके बाद मामले की शिकायत उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक के कार्यालय और उनके जनसंपर्क अधिकारी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विवेक त्रिपाठी से की गयी। वो भी कुछ नहीं किए। बाद में पीआरओ होते हुए भी फोन ही उठाना छोड़ दिया।

वाट्सअप और एसएमएस के जरिए इस बारे में कई बार उ.प्र. के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक आनंद कुमार, कानून व्यवस्था से बार बार की गयी लेकिन उन्होंने कोई जवाब आज तक नहीं दिया। उन्हें शिकायत ईमेल, वाट्सअप, के जरिए की गयी लेकिन आज तक उनके तरफ से कोई उत्तर नहीं मिला। उ.प्र. पुलिस और पुलिस महानिदेशक को ट्टविटर हैंडल पर भी इस अराजकता की सूचना दी गयी लेकिन वहां भी शिकायत करने बेकार गया।

इस मामले में पट्टी के तहसीलदार से भी शिकायत की गयी लेकिन उन्होंने भी मामले में किसी तरह की कोई कार्रवाई नहीं की। उसके बाद उ.प्र. के मुख्यमंत्री कार्यालय में ट्विटर हैंडल, ईमेल के जरिए शिकायत की गयी वहां भी कोई सुनवाई नहीं हुई। शिकायत की प्रति मुख्यमंत्री कार्यालय को भेजी गयी लेकिन फिलहाल कोई कार्रवाई नहीं हुई है। मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार से भी एक पत्रकार होने के नाते मदद लेने की कोशिश की गयी लेकिन वहां से भी कोई फायदा नहीं मिला। योगी राज में ये हाल उस पत्रकार की है जो देश की राजधानी में पत्रकारिता के जरिए देश की सेवा कर रहा है। 

पीड़ित और पत्रकार आकाश श्रीवास्तव ने अपनी गुहार तहसील और थाने से लेकर जिलास्तर और देश की राजधानी लखनऊ में संबंधित सभी अधिकारियों और शासनाध्यक्षों से करने की कोशिश की लेकिन किसी ने आकाश की पुकार नहीं सुनी।

पत्रकार आकाश से जब बात की गयी तो जबरजस्त तनाव और हताश निराश में लग रहे आकाश श्रीवास्तव ने कहा अब तो बस ऊपर वाले पर ही भरोशा है जो सबसे ऊपर है और सबका मालिक है जो एक दिन इन दबंगों को जरूर सजा देगा। क्योंकि योगी राज में एक पत्रकार ने सभी लोगों के दरवाजे खटखटाए लेकिन किसी ने नहीं सुनी मेरी बात। न ही दबंगों के दबंगई से छुटकारा दिलाने में किसी तरह की मदद की जिससे न्याय मिल सके।


जरा ठहरें...
 
 
Third Eye World News
इन तस्वीरों को जरूर देखें!
Jara Idhar Bhi
जरा इधर भी

Site Footer
इस पर आपकी क्या राय है?
 
     
ग्रह-नक्षत्र और आपके सितारे
शेयर बाज़ार का ताज़ा ग्राफ
'थर्ड आई वर्ल्ड न्यूज़' अब सोशल मीडिया पर
 फेसबुक                                 पसंद करें
ट्विटर  ट्विटर                                 फॉलो करें
©Third Eye World News. All Rights Reserved.