ताज़ा समाचार-->:

बातें मीडिया की

चीन की जासूसी के आरोप में पत्रकार राजीव शर्मा गिरफ्तार
पुलिस का दावा चीन की खुफिया विभाग से डेढ़ साल में मिला 40 लाख रूपए

आकाश श्रीवास्तव

थर्ड आई वर्ल्ड न्यूज़ नेटवर्क

नई दिल्ली, 20 सितंबर 2020

चीन की जासूसी के आरोप में दिल्ली पुलिस ने दिल्ली के एक वरिष्ठ पत्रकार राजीव शर्मा को गिरफ्तार कर लिया है। कोर्ट में पेश करने के बाद पत्रकार राजीव शर्मा को न्यायालय ने छह दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस ने खुलासा किया है कि स्वतंत्र पत्रकार राजीव शर्मा को देश की महत्वपूर्ण दस्तावेज चीन को देने के आरोप में 14 सितंबर को ही गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने लगभग छह दिन बाद पत्रकार की गिरफ्तारी की जानकारी सार्वजनिक की है। दिल्ली पुलिस के अनुसार राजीव शर्मा को 14 सितंबर को सेंट्रल इंटेलिजेंस के इनपुट के आधार पर गिरफ्तार किया था, उसे अगले ही दिन कोर्ट के सामने पेश किया गया था।


जहां कोर्ट ने उसे 6 दिन की पुलिस कस्टडी में भेज दिया था। पुलिस ने उसके पास से क्लासिफाइड डिफेंस डॉक्यूमेंट्स के अलावा लैपटॉप, मोबाइल फोन भी जब्त किया था। उसके सीडीआर को भी स्कैन किया जा रहा है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि वह किसके संपर्क में था। दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि राजीव शर्मा शर्मा कुछ भारतीय मीडिया ऑर्गनाइजेशन के साथ-साथ चीन के ग्लोबल टाइम्स के लिए भी रक्षा संबंधी मुद्दों पर लिखता था। दिल्ली पुलिस ने शनिवार को कहा कि उसने एक स्वतंत्र पत्रकार राजीव शर्मा, एक चीनी महिला और नेपाली नागरिक को गिरफ्तार किया है। इन पर चीन की इंटेलिजेंस को खुफिया जानकारी देने का आरोप है। पुलिस ने बताया कि ये जानकारियां बॉर्डर स्ट्रेटेजी और डिफेंस से जुड़ी हैं। पुलिस ने दावा किया है कि राजीव शर्मा को डेढ़ साल में चीन की इंटेलिजेंस एजेंसी से करीब 40 लाख रुपए मिले, एक इनपुट के लिए 73 हजार रुपए से ज्यादा मिलते थे। दिल्ली पुलिस ने फ्रीलांस पत्रकार राजीव शर्मा को 14 सितंबर को गिरफ्तार किया था, लेकिन जानकारी 19 सितंबर को सार्वजनिक की। 

दिल्ली पुलिस ने राजीव को ऑफिशियल सीक्रेट एक्ट के तहत गिरफ्तार किया। पुलिस का दावा है कि राजीव के पास से डिफेंस से जुड़े कुछ बेहद सीक्रेट दस्तावेज बरामद किए हैं। राजीव को इसके बदले शेल कंपनियों के जरिए पैसा दिया जाता था। पुलिस ने बताया कि राजीव 2016 से चीनी इंटेलिजेंस के लिए काम करता था। एक इनपुट के लिए 73,610 (एक हजार डॉलर) रुपए मिलते थे। वह कुछ चीनी इंटेलिजेंस के लिए काम करता था। पुलिस ने बताया कि फ्रीलांस पत्रकार को डेढ़ साल में करीब 40 लाख रुपए मिले थे।





जरा ठहरें...
भारत द्वारा पबजी समेत 224 एप प्रतिबंधित किए जाने से बौखलाया चीन!
प्रधानमंत्री की गूगल के सीईओ से महत्वपूर्ण बातचीत
नेपाल ने भारतीय समाचार चैनलों को किया प्रतिबंधित किया
बर्बाद हो रहे मीडिया की और ध्यान दे प्रधानमंत्री : आसिफ
मोदी सरकार का बड़ा फैसला, चीन के 59 साफ्टवेयर भारत में प्रतिबंधित
सीबीआई के 'निशाने' पर आए DAVP के अधिकारी, जांच के दायरे में फंसे कई अखबार!
सोशल मीडिया के सभी प्लेटफार्म्स के गाइडलाइंस को रिवाइज किया जाएगा – रविशंकर प्रसाद
योगी के उ.प्र. में पत्रकार की जमीन कब्जा करने वाले दंबगों की अंजाम भुगतने की धमकी
मुख्यमंत्री योगी ने भी नहीं सुनी एक पत्रकार की फरियाद
उ.प्र. में योगी राज में पत्रकार के घर पर गुंडों और दबंगों का कब्जा!
5 करोड़ यूजर्स के फेसबुक डेटा हैक की खबर से पूरी दुनिया में मचा हड़कंप
सरकार पत्रकारों को पेंशन दे - साक्षी महाराज
 
 
Third Eye World News
इन तस्वीरों को जरूर देखें!
Jara Idhar Bhi
जरा इधर भी

Site Footer
इस पर आपकी क्या राय है?
चीन मुद्दे पर क्या सरकार ने जितने जरूरी कठोर कदम उठाने थे, उठाए कि नहीं?
हां
नहीं
पता नहीं
 
     
ग्रह-नक्षत्र और आपके सितारे
शेयर बाज़ार का ताज़ा ग्राफ
'थर्ड आई वर्ल्ड न्यूज़' अब सोशल मीडिया पर
 फेसबुक                                 पसंद करें
ट्विटर  ट्विटर                                 फॉलो करें
©Third Eye World News. All Rights Reserved.