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बातें मीडिया की

पत्रकारों को दी जाने वाली सूचना सामग्री मंत्रालय के अधिकारी उठा ले जाते हैं
आए दिन संवाददाता सम्मेलनों में ऐसी घटनाएं अक्सर होती हैं

एस एन वर्मा

थर्ड आई वर्ल्ड न्यूज़

नई दिल्ली, ६ फरवरी २०१७

मीडिया के लिए आयोजित होने वाले कार्यक्रमों, संवाददाता सम्मेलनों में पत्रकारों को दी जाने वाली ज्यादातर प्रकाशनार्थ सामग्री मंत्रालय के कर्मचारी और अधिकारी उठा ले जाते हैं। छह फरवरी को सूचना प्रसारण मंत्रालय के आयोजित पत्रकार वार्ता में भी यही हुआ। केंद्रीय सूचना प्रसारण मंत्री वेंकैया नायडू की वार्षिक संदर्भ ग्रंथ वार्षिक 2017 के लोकापर्ण के बाद, पत्रकारों को दी जाने वाली संबंधित सामग्री सूचना और प्रसारण मंत्रालय के प्रकाशन विभाग के अधिकारी और कर्मचारी उठा ले गए। पत्रकारों को एक भी कॉपी नहीं दी गयी। यहीं नहीं खाने-पीने की चीजें भी कई थैले भरकर उठा ले गए। पत्रकार मांगते रह गए किसी को एक कॉपी नहीं दी गयी। अधिकारी अपने गाड़ियों में ठूंसे और लेकर चलते बने।


वेंकैया नायडू सूचना एवं प्रसारण मंत्री। वार्षिक संदर्भ भारत 2017 जारी करते हुए।

यह एक मात्र उदाहरण के तौर पर है। केंद्र सरकार के मंत्रालयों के आए दिन होने वाले पत्रकार सम्मेलनों में अक्सर मंत्रालय के कर्मचारियों और अधिकारियों का जमघट लग जाता है। प्रेस कांफ्रेंस खत्म होते ही खाने पर टूट पड़ते हैं और प्रेस सामग्री खुद लेकर चले जाते हैं। जिसमें पता नहीं चलता है कि पत्रकार कौन है दूसरे लोग कौन हैं। जबकि किसी मंत्री के प्रेस सम्मेलन में अगुंली पर गिने  कुछ ही अधिकारियों की जरूरत होती है। जो मंत्री के अटकने पर जवाब दे सकें, प्रेस रिलीज तैयार कर सकें। बाकी के अधिकारियों और कर्मचारियों की जरूरत नहीं होती है। इससे पहले सूचना और प्रसारण मंत्री वेंकैया नायडू ने वार्षिक संदर्भ भारत 2017, ऑनलाइन डिजिटल लाइब्रेरी जारी की। वार्षिक भारत इयर बुक के इलेक्ट्रॉनिक संस्करण को जारी करते हुए उन्होंने कहा कि ई-संस्करण नवीनतम तकनीकी जानकारी उपलब्ध कराता है और श्रेष्ठ अंतर्राष्ट्रीय मानकों की पुष्टि करता है। ई-बुक में खोज-खबर सामग्री, संदर्भ सामग्री जैसी जानकारी पाठक के अनुकूल विभिन्नताओं के साथ छपी पुस्तकें 25 प्रतिशत कम मूल्य पर उपलब्ध कराई जातीं है।

उन्होंने कहा कि सरकार के डिजिटल कार्यक्रम को आगे बढ़ाते हुए प्रकाशन विभाग ने 750 से अधिक पुस्तकों को डिजिटल स्वरूप में बदल दिया है और यह मार्च, 2017 के अंत तक एक हजार पुस्तकों को डिजिटाईज़िंग करने के 12वीं योजना के लक्ष्य को पूरा करने के लिए तैयार है। उन्होंने प्रकाशन विभाग द्वारा सृजित ऑनलाइन डिजिटल लाइब्रेरी का शुभारंभ किया जिसमें 750 से अधिक पुस्तकों का भंडार है। जिसमें व्यापक शीर्षकों की पुस्तकें शामिल हैं।





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