ताज़ा समाचार-->:
अब खबरें देश-दुनिया की एक साथ एक जगह पर-->

ख़ास ख़बरें

भाजपा एक साथ पूरे देश में आज से ५० जगहों...
भाजपा को सर्वोच्च न्यायालय का तगड़ा झटका, रथ यात्रा की...
मोदी और शाह को छोड़कर बाकी पूरे कैबिनेट को न्यौता...
प्रधानमंत्री ने घबड़ाहट में सीबीआई प्रमुख को पद से हटाया...
कांग्रेस ने कहा कि ब्लैक लिसटिंग कंपनी को मोदी ने...
भारतीय रेलवे ने डीजल इंजन को विद्युत इंजन में तब्दील...

जरा इधर भी


इन तस्वीरों को देखें!

अफगानिस्तान में हमारे हित है इसलिए उसे हम छोड़ नहीं सकते - जनरल रावत

सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने वार्षिक संवाददाता सम्मेलन में सीमा पर स्थिति नियंत्रण में है। कश्मीर में अलगाववादी ताकतों के साथ बात करने पर भी आर्मी चीफ ने दो टूक राय रखी है। रावत ने कहा कि हम बात करने से इनकार नहीं कर रहे, लेकिन आंतक के साथ बातचीत नहीं हो सकती।

सेना प्रमुख ने कहा, जब तक वो लोग हथियार नहीं छोड़ेंगे और दूसरे देश से सहायता लेना बंद नहीं करगें तब तक बात नहीं हो सकती। उन्हें पश्चिमी सीमा क्षेत्र से मिलने वाली मदद को बंद करना होगा और हिंसा का रास्ता छोड़ना होगा। सेना प्रमुख ने यह भी कहा कि सेना ने चीन और पाकिस्तान से लगी सीमाओं पर बेहतर तरीके से स्थिति को संभाला है और चिंता का कोई कारण नहीं होना चाहिए।

अफगानिस्तान में तालिबान से अमेरिका और रूस की बातचीत पर जनरल रावत ने कहा, ‘अफगानिस्तान में हमारे हित हैं। हम इससे अलग नहीं हो सकते। यही स्थिति जम्मू कश्मीर पर लागू नहीं की जा सकती। राज्य में हमारी शर्तों पर ही बातचीत होगी।’थल सेना प्रमुख ने कहा कि बातचीत और आतंक एक साथ नहीं चल सकता, यह जम्मू कश्मीर पर भी लागू होता है।

रावत ने अपने वार्षिक संवाददाता सम्मेलन में यह भी कहा कि जम्मू कश्मीर में स्थिति को और सुधारने की जरूरत है। उन्होंने कहा, ‘जम्मू कश्मीर में शांति के लिए हम केवल समन्वयक हैं। हमने उत्तरी और पश्चिमी सीमाओं पर स्थिति बेहतर तरीके से संभाली है।’ उन्होंने कहा कि चिंता की कोई बात नहीं होनी चाहिए। आकाश श्रीवास्तव, थर्ड आई वर्ल्ड न्यूज़, नई दिल्ली। 10 जनवरी 2019।

 
Third Eye World News
इन तस्वीरों को जरूर देखें!
Jara Idhar Bhi
जरा इधर भी

Site Footer
इस पर आपकी क्या राय है?
 
     
ग्रह-नक्षत्र और आपके सितारे
शेयर बाज़ार का ताज़ा ग्राफ
'थर्ड आई वर्ल्ड न्यूज़' अब सोशल मीडिया पर
 फेसबुक                                 पसंद करें
ट्विटर  ट्विटर                                 फॉलो करें
©Third Eye World News. All Rights Reserved.